हाटा में प्रशासन की नई पहल
कुशीनगर जिले के हाटा क्षेत्र में निवासरत ग्रामीणों और स्थानीय नागरिकों के लिए एक राहत भरी खबर है। अब लोगों को अपनी विभिन्न समस्याओं और सरकारी कार्यों के लिए बार-बार सरकारी दफ्तरों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। प्रशासन ने आमजन की शिकायतों को उनके घर के समीप ही निस्तारित करने के लिए ‘प्रशासन आपके द्वार’ योजना शुरू करने का निर्णय लिया है।
क्या है ‘प्रशासन आपके द्वार’ योजना
नवागत ज्वाइंट मजिस्ट्रेट मयंक त्रिपाठी ने इस योजना के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि इसका मुख्य उद्देश्य शासन की योजनाओं का लाभ और समस्याओं का त्वरित समाधान सीधे ग्रामीणों तक पहुंचाना है। इसके तहत अधिकारी और कर्मचारी स्वयं गांवों में जाकर शिविर लगाएंगे। इस पहल को लेकर प्रशासन स्तर पर युद्धस्तर पर तैयारियां की जा रही हैं और गांव-वार रोस्टर तैयार किए जा रहे हैं।
किन विभागों की मिलेगी सेवा
ज्वाइंट मजिस्ट्रेट के अनुसार, इन शिविरों में राजस्व, विकास, आपूर्ति और विद्युत विभाग सहित अन्य प्रमुख विभागों के प्रतिनिधि मौजूद रहेंगे। शिविर के दौरान निम्नलिखित विभागों से संबंधित शिकायतों पर प्राथमिकता से सुनवाई की जाएगी:
- राजस्व विभाग: भूमि विवाद, खतौनी और पैमाइश से संबंधित मामले।
- आपूर्ति विभाग: राशन कार्ड और खाद्य सुरक्षा से जुड़ी समस्याएं।
- समाज कल्याण: पेंशन संबंधी आवेदन और सत्यापन।
- प्रमाण पत्र: जन्म, मृत्यु एवं आय प्रमाण पत्र।
- विकास कार्य: पंचायत स्तर की स्थानीय विकास योजनाएं।
स्थानीय नागरिकों के लिए निर्देश
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि ‘प्रशासन आपके द्वार’ शिविरों का आयोजन मुख्य रूप से पंचायत भवनों और स्थानीय विद्यालयों में किया जाएगा। शिविर में आने वाले नागरिकों को सलाह दी गई है कि वे अपनी शिकायतों से संबंधित सभी महत्वपूर्ण दस्तावेज जैसे आधार कार्ड, भूमि संबंधी कागजात, अथवा पूर्व में दिए गए आवेदनों की प्रतियां अपने साथ लाएं। इससे मौके पर ही मामले का निस्तारण करने में अधिकारियों को आसानी होगी और आवेदक को बार-बार दफ्तरों के चक्कर काटने से मुक्ति मिलेगी। इस पहल से हाटा तहसील के सुदूरवर्ती गांवों में रहने वाले लोगों को सीधे तौर पर लाभ मिलने की उम्मीद है।