20 घंटे से अंधेरे में डूबे गांव
महाराजगंज जिले के निचलौल क्षेत्र के 24 से अधिक गांवों में पिछले 20 घंटों से बिजली आपूर्ति पूरी तरह से ठप है। साउथ फीडर से जुड़ी विद्युत व्यवस्था के अचानक बंद होने से स्थानीय निवासियों, दुकानदारों और विद्यार्थियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। उमस भरी गर्मी के बीच बिजली गुल रहने से क्षेत्र में आक्रोश का माहौल है।
घटना का विवरण और कारण
विद्युत विभाग के अनुसार, यह समस्या गुरुवार रात को शुरू हुई जब खरचौली गांव के पूर्व प्रधान के घर के पास 11,000 वोल्ट की मुख्य विद्युत लाइन अचानक टूट गई थी। विभागीय अधिकारियों का आरोप है कि मरम्मत कार्य शुरू करने के दौरान पूर्व प्रधान ने कथित तौर पर अड़चन पैदा कर दी, जिसके कारण आपूर्ति को सुचारू नहीं किया जा सका।
प्रभावित गांवों में सेखुई, पड़री, हरपुर, टीकर और परसौनी प्रमुख रूप से शामिल हैं। इन गांवों के स्थानीय निवासियों दिलीप, बिकाऊ, भिखारी, कुलदीप और सर्वेश का कहना है कि बिजली न होने के कारण मोबाइल फोन और इन्वर्टर तक डिस्चार्ज हो गए हैं, जिससे बाहरी दुनिया से उनका संपर्क कट गया है।
प्रशासन की कार्रवाई और वर्तमान स्थिति
बिजली विभाग के अभियंता मुकेश कुमार ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि आपूर्ति बहाल करने में आ रही बाधा के संबंध में निचलौल पुलिस थाने को लिखित सूचना दी गई है। विभाग का कहना है कि स्थानीय विवाद के कारण पूरे फीडर की आपूर्ति बाधित रखना निवासियों के लिए अनुचित है।
- प्रभावित मुख्य गांव: सेखुई, पड़री, हरपुर, टीकर, परसौनी।
- कारण: 11 हजार वोल्ट की लाइन का टूटना और मरम्मत में व्यवधान।
- अधिकारी कार्रवाई: निचलौल पुलिस को मामले में हस्तक्षेप के लिए लिखा गया।
क्षेत्र के अन्य निवासी उमेश, भरत, रमेश और प्रदीप शर्मा ने मांग की है कि विद्युत विभाग को वैकल्पिक व्यवस्था कर आपूर्ति तत्काल बहाल करनी चाहिए। छोटे व्यापारियों का कहना है कि लंबे समय तक बिजली न रहने से उनके कारोबार पर गहरा असर पड़ा है। फिलहाल, निचलौल पुलिस और बिजली विभाग के अधिकारियों के बीच समन्वय से लाइन दुरुस्त करने की प्रक्रिया की प्रतीक्षा की जा रही है।