गोपालगंज के सफियाबाद अग्निकांड में नौवें दिन दंपति की मौत
बिहार के गोपालगंज जिले के बैकुंठपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत सफियाबाद गांव में हुए भीषण अग्निकांड में मृतकों की संख्या बढ़कर अब सात हो गई है। घटना के नौवें दिन इलाज के दौरान अस्पताल में एक और दंपति ने दम तोड़ दिया। मृतकों की पहचान सिंहासन मांझी और उनकी पत्नी लालछरी देवी के रूप में की गई है। इस दुखद खबर ने पूरे इलाके में शोक की लहर पैदा कर दी है।
घटना का पूरा विवरण और पृष्ठभूमि
यह हृदय विदारक घटना 13 अक्टूबर 2026 को घटी थी, जब एक घर में अचानक आग लग गई थी। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, आग लगने का मुख्य कारण एलपीजी गैस पाइप में हुआ रिसाव बताया गया था। गैस रिसाव के कारण घर में आग तेजी से फैल गई, जिसकी चपेट में आकर परिवार के कई सदस्य गंभीर रूप से झुलस गए थे। प्रशासन और स्थानीय लोगों की मदद से सभी घायलों को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया था। पिछले नौ दिनों से सभी का इलाज चल रहा था, लेकिन सिंहासन मांझी और लालछरी देवी की हालत नाजुक बनी हुई थी और उन्होंने दम तोड़ दिया।
प्रशासन और पुलिस की अब तक की कार्रवाई
बैकुंठपुर थाना पुलिस और स्थानीय प्रशासनिक अधिकारी मामले की जांच में जुटे हैं। हादसे के बाद से ही पीड़ित परिवार को हर संभव सहायता मुहैया कराने का प्रयास किया जा रहा है। अधिकारियों के मुताबिक, घटना के समय मौके पर अफरा-तफरी मच गई थी, जिसके बाद अग्निशमन दल को बुलाया गया था। इस अग्निकांड में एक ही परिवार के सदस्यों की हुई मौत ने स्थानीय निवासियों को झकझोर कर रख दिया है। प्रशासन की ओर से अब प्रभावित परिवार की आर्थिक मदद और अन्य सरकारी योजनाओं के लाभ दिलाने की प्रक्रिया पर विचार किया जा रहा है।
स्थानीय लोगों पर असर और वर्तमान स्थिति
सफियाबाद गांव में इस समय सन्नाटा पसरा हुआ है। मृतकों के अंतिम संस्कार के लिए स्थानीय ग्रामीण एकत्रित हो रहे हैं। इस हादसे के बाद क्षेत्र में गैस सुरक्षा के प्रति जागरूकता की मांग भी उठने लगी है। प्रशासन ने लोगों से एलपीजी सिलेंडरों और पाइपों की नियमित जांच करने की अपील की है ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को टाला जा सके। फिलहाल, मृतकों के शवों का पोस्टमार्टम और अन्य कानूनी औपचारिकताएं पूरी की जा रही हैं, जिसके बाद शव परिजनों को सौंप दिए जाएंगे।