जांच किट की कमी से बढ़ी मरीजों की मुश्किलें
कुशीनगर स्थित मेडिकल कॉलेज में वर्तमान में एच1एन1 (स्वाइन फ्लू) जांच किट उपलब्ध नहीं है, जिसके कारण संदिग्ध मरीजों की पुष्टि में देरी हो रही है। कॉलेज प्रशासन ने किट की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए शासन को मांग पत्र भेज दिया है।
प्रशासन की तैयारी और मरीजों की स्थिति
मुख्यालय के निर्देशों के अनुसार, मेडिसिन, ईएनटी और पीडियाट्रिक्स विभाग में संदिग्ध मरीजों का डेटा तैयार किया जा रहा है। अस्पताल की पुरानी बिल्डिंग में 10 बेड का एक आइसोलेशन वार्ड भी बनाया गया है, जहाँ वायरल बुखार और डेंगू के गंभीर मरीजों का उपचार किया जा रहा है।
चिकित्सकों की राय और सावधानी
मेडिकल कॉलेज के सीएमएस डॉ. दिलीप कुमार के अनुसार, जांच किट की आपूर्ति जल्द होने की उम्मीद है। वर्तमान में मेडिसिन विभाग में रोजाना 15 से 20 संदिग्ध मरीज पहुंच रहे हैं, जिन्हें लक्षणों के आधार पर उपचार और परामर्श दिया जा रहा है। वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. उपेंद्र चौधरी ने नागरिकों को सलाह दी है कि तेज बुखार, खांसी और गले में खराश जैसे लक्षण दिखने पर तुरंत चिकित्सा सहायता लें।