घटना का पूरा विवरण
महाराजगंज जिले के निचलौल नगर पंचायत में सोमवार को प्रशासन ने एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम देते हुए चकमार्ग की सरकारी जमीन से अतिक्रमण हटाया है। वार्ड नंबर 11 लोहिया नगर में गाटा संख्या 2187 पर लंबे समय से अवैध कब्जा किया गया था। नगर पंचायत प्रशासन और राजस्व विभाग की संयुक्त टीम ने भारी पुलिस बल की मौजूदगी में जेसीबी मशीन के जरिए इस अतिक्रमण को ध्वस्त कर जमीन को मुक्त कराया।
प्रशासन की कार्रवाई
नगर पंचायत के अधिशासी अधिकारी (EO) विकास कुमार ने जानकारी दी कि राजस्व अभिलेखों में 0.0160 हेक्टेयर भूमि चकमार्ग के रूप में दर्ज है। अलीपुर, जनपद गोरखपुर के निवासी राजेश्वर, आशुतोष, बालेंद्र देव, आनंद देव और शशि देव पर इस जमीन पर अवैध रूप से चहारदीवारी बनाकर कब्जा करने का आरोप था। प्रशासन के अनुसार, स्थानीय स्तर पर शिकायत मिलने के बाद हल्का लेखपाल द्वारा जमीन की पैमाइश कराई गई थी।
पैमाइश के दौरान अतिक्रमण की पुष्टि होने पर संबंधित लोगों को नगर पंचायत प्रशासन की ओर से कई बार नोटिस जारी किए गए थे। हालांकि, चेतावनी के बाद भी कब्जाधारियों ने निर्धारित समय सीमा के भीतर स्वेच्छा से अतिक्रमण नहीं हटाया। जिसके बाद सोमवार को जिला प्रशासन और नगर पंचायत की टीम ने मौके पर पहुंचकर कानूनी कार्रवाई शुरू की और सरकारी जमीन को कब्जे से मुक्त कराया।
मामले की वर्तमान स्थिति
प्रशासन की इस कार्रवाई के बाद उक्त चकमार्ग को आम रास्ते के रूप में बहाल कर दिया गया है। संबंधित अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि भविष्य में सार्वजनिक भूमि या चकमार्ग पर अतिक्रमण करने वालों के खिलाफ इसी प्रकार की सख्त कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। मौके पर मौजूद टीम ने अतिक्रमण हटवाकर सरकारी जमीन का सीमांकन सुनिश्चित किया है।
स्थानीय लोगों पर असर
इस कार्रवाई से वार्ड नंबर 11 के निवासियों को बड़ी राहत मिली है। चकमार्ग पर हुए अवैध कब्जे के कारण स्थानीय लोगों को आने-जाने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था। अब सरकारी जमीन खाली होने से सार्वजनिक आवागमन के मार्ग में बाधा समाप्त हो गई है। राजस्व विभाग ने ग्रामीणों से अपील की है कि वे सरकारी जमीनों के संरक्षण में प्रशासन का सहयोग करें और अवैध कब्जे की सूचना तुरंत स्थानीय तहसील कार्यालय में दें।