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कुशीनगर: दो निजी अस्पताल सील, मानक पूरे न होने पर छह के आवेदन निरस्त

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स्वास्थ्य विभाग की बड़ी कार्रवाई

कुशीनगर के स्वास्थ्य विभाग ने अवैध रूप से संचालित निजी अस्पतालों के खिलाफ अभियान तेज कर दिया है। बुधवार को स्वास्थ्य विभाग की एक विशेष टीम ने विशुनपुरा ब्लॉक क्षेत्र में छापेमारी कर ‘श्रीरविंदु प्रसाद केयर एंड क्योर हॉस्पिटल’ और ‘लोक सेवक हॉस्पिटल, सूरज नगर’ को सील कर दिया। अधिकारियों के अनुसार, ये दोनों अस्पताल बिना वैध पंजीकरण और मानकों को ताक पर रखकर संचालित किए जा रहे थे।

मानकों की अनदेखी और फर्जीवाड़ा

जांच के दौरान कई गंभीर अनियमितताएं सामने आई हैं। स्वास्थ्य विभाग के नोडल अधिकारियों के नेतृत्व में हुई टीम की छानबीन में पता चला कि कई अस्पतालों ने पंजीकरण के लिए ऑनलाइन आवेदन तो किया था, लेकिन वे मानक के अनुरूप नहीं थे। विशेष रूप से, छह अस्पतालों के पंजीकरण आवेदन इसलिए निरस्त कर दिए गए क्योंकि उनमें फर्जी दस्तावेज लगाए गए थे। जांच में यह भी सामने आया कि आवेदन पत्र में जिन डॉक्टरों की डिग्रियां दिखाई गई थीं, उन डॉक्टरों ने संबंधित डिग्री देने से ही इनकार कर दिया।

कार्रवाई की जद में आए प्रमुख अस्पताल

प्रशासन द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, आवेदन निरस्त किए गए अस्पतालों में मुख्य रूप से निम्नलिखित शामिल हैं:

  • मैक्स नवजीवन हॉस्पिटल, कसया
  • फाजिमा हॉस्पिटल, कसया
  • हमराही मल्टी स्पेशियलिटी हॉस्पिटल एंड ट्रामा सेंटर, कसया
  • जीवन दीप हॉस्पिटल, कसया
  • ओम साई हॉस्पिटल, खिरकिया
  • राहत हॉस्पिटल, खिरकिया

इन सभी अस्पतालों को तत्काल प्रभाव से अपना संचालन बंद करने के सख्त निर्देश दिए गए हैं।

स्वास्थ्य विभाग का स्पष्ट रुख

कुशीनगर के सीएमओ डॉ. चंद्रप्रकाश ने बताया कि दो दिन पूर्व 52 निजी अस्पतालों की एक साथ जांच की गई थी, जिनमें से 34 अस्पतालों में भारी खामियां पाई गई हैं। इन 34 अस्पतालों को विभाग की ओर से नोटिस जारी किया गया है और उनके जवाब का इंतजार किया जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि स्वास्थ्य व्यवस्था के साथ खिलवाड़ करने वाले किसी भी संस्थान को बख्शा नहीं जाएगा। स्थानीय लोगों से अपील की गई है कि वे किसी भी अस्पताल में इलाज कराने से पहले उसकी वैधता और सरकारी पंजीकरण की जानकारी जरूर सुनिश्चित कर लें। स्वास्थ्य विभाग का यह अभियान आगे भी जारी रहेगा ताकि जिले में स्वास्थ्य सेवाओं को पारदर्शी और सुरक्षित बनाया जा सके।

(संवाददाता)

पूर्वांचल ब्यूरो न्यूज़ डेस्क रिपोर्टर।

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