पेंशन के इंतजार में बीते छह महीने
महराजगंज जिले में दिव्यांगजनों के लिए सरकार द्वारा संचालित पेंशन योजना इन दिनों चर्चा का विषय बनी हुई है। जनपद के सैकड़ों निराश्रित दिव्यांगजन पिछले छह महीनों से अपनी पेंशन राशि का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। समय पर सहायता राशि न मिलने के कारण इन लोगों के सामने गंभीर आर्थिक संकट खड़ा हो गया है।
नौतनवा ब्लॉक के गजरहा निवासी शिवपूजन यादव, चमैनिया के अंगद चौहान और बलराम गुप्ता समेत कई अन्य दिव्यांगों ने अपनी व्यथा साझा करते हुए बताया कि उन्हें उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से प्रतिमाह 1,000 रुपये की सहायता राशि मिलती है। उनके लिए यही पेंशन राशि आय का मुख्य जरिया है, लेकिन छह महीने से भुगतान न होने के चलते उनके परिवारों की दैनिक आवश्यकताएं पूरी करना भी मुश्किल हो गया है।
जून में महज 3500 लोगों को मिला लाभ
दिव्यांगजन संगठन के जिला अध्यक्ष शिव प्रसाद के अनुसार, समाज कल्याण विभाग के माध्यम से जिले में कुल 17,000 पंजीकृत दिव्यांगजनों को हर तीन महीने पर 3,000 रुपये की पेंशन दी जाती है। उन्होंने बताया कि इस वर्ष मार्च महीने के बाद से ही पेंशन वितरण में बड़ी अनियमितता देखी जा रही है।
अधिकारियों के आंकड़ों के अनुसार, जून के महीने में जिले के 17,000 पात्र व्यक्तियों में से केवल 3,500 लोगों के खाते में ही पेंशन की राशि पहुंच पाई थी। शेष दिव्यांगजन अभी भी सरकारी सहायता के इंतजार में हैं। इस समस्या को लेकर संगठन के प्रतिनिधियों ने जिला प्रशासन के समक्ष अपनी बात रखने और जिलाधिकारी से जल्द मुलाकात करने का निर्णय लिया है।
अधिकारियों का क्या है कहना
इस मामले पर जब जिला समाज कल्याण अधिकारी विपिन यादव से बात की गई, तो उन्होंने स्पष्ट किया कि दिव्यांगजनों की पेंशन का विषय सीधे तौर पर दिव्यांग कल्याण विभाग के क्षेत्राधिकार में आता है। उन्होंने आश्वासन दिया कि मामला संज्ञान में है और जल्द ही संबंधित प्रक्रिया पूरी कर दिव्यांगजनों के बैंक खातों में पेंशन की लंबित राशि स्थानांतरित कर दी जाएगी।
स्थानीय निवासी और प्रभावित परिवारों ने मांग की है कि प्रशासन इस मामले को प्राथमिकता पर ले और लंबित पेंशन का जल्द से जल्द भुगतान सुनिश्चित करे, ताकि उन्हें आर्थिक राहत मिल सके।