महाराजगंज के मुजहना निवासी भोला की मौत
महाराजगंज जिले के सिंदुरिया थानाक्षेत्र के मुजहना बुजुर्ग गांव का रहने वाला 28 वर्षीय रामबदन उर्फ भोला यादव, जो गोरखपुर के मोहनलालपुर स्थित एक केमिकल गोदाम में कार्यरत था, भीषण आग की चपेट में आने से मृत पाया गया। भोला पिछले पांच वर्षों से इस गोदाम में काम कर अपनी जीविका चला रहा था। वह अपने परिवार का इकलौता बेटा और कमाऊ सदस्य था, जिसकी असामयिक मौत से उसका पूरा परिवार गहरे संकट में घिर गया है।
गोदाम मालिक पर परिजनों का गंभीर आरोप
मृतक के परिजनों और ग्रामीणों ने गोदाम मालिक व वहां कार्यरत कर्मचारियों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। परिजनों का कहना है कि जब उन्होंने घटना के बाद भोला के बारे में पूछताछ की, तो उन्हें गुमराह किया गया। उन्हें ढूंढने के लिए रेलवे स्टेशन और बस स्टैंड जैसे स्थानों पर भेजा गया, जबकि भोला का शव गोदाम के भीतर ही मौजूद था। परिजनों के लगातार दबाव और गोदाम के भीतर तलाशी की मांग करने के बाद ही गोदाम के गेट खोले गए, जहां रामबदन का जला हुआ शव बरामद हुआ।
परिजनों की स्थिति और स्थानीय आक्रोश
रामबदन अपने पीछे पत्नी पुनीता (26) और दो छोटे बच्चे—प्रवीण यादव (5) व शिवशान्त (2) को छोड़ गया है। इकलौते कमाऊ सदस्य की मृत्यु से परिवार के सामने भरण-पोषण की बड़ी समस्या खड़ी हो गई है। मृतक के परिजनों ने इस मामले में पुलिस प्रशासन पर भी लापरवाही बरतने का आरोप लगाया है। स्थानीय ग्रामीण और परिजन इस घटना को लेकर काफी आक्रोशित हैं और उन्होंने जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। 30 सितंबर 2026 की इस घटना के बाद, क्षेत्र में शोक की लहर है और प्रशासनिक जांच की मांग जोर पकड़ रही है।