15 नवंबर से शुरू होगा सघन जांच अभियान
महाराजगंज जिले में सड़क सुरक्षा और यातायात नियमों के पालन को सुनिश्चित करने के लिए परिवहन विभाग ने सख्ती बढ़ा दी है। एआरटीओ के निर्देशानुसार, आगामी 15 नवंबर से हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट (HSRP) को लेकर जिले भर में एक विशेष सघन जांच अभियान शुरू किया जाएगा। यह अभियान विशेष रूप से उन वाहन मालिकों के लिए चेतावनी है, जिन्होंने अब तक अपने वाहनों पर अनिवार्य एचएसआरपी नहीं लगवाई है। 15 दिनों तक चलने वाले इस अभियान के दौरान यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहनों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
जुर्माने और आरसी सस्पेंशन की कार्रवाई
परिवहन विभाग के आंकड़ों के मुताबिक, महाराजगंज जिले में वर्तमान में लगभग चार लाख वाहन पंजीकृत हैं। इसमें से 1,700 से अधिक ऐसे वाहन चिन्हित किए गए हैं जो अब भी बिना हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट के सड़कों पर दौड़ रहे हैं। विभाग ने स्पष्ट किया है कि जांच के दौरान यदि कोई वाहन बिना एचएसआरपी के पाया जाता है, तो वाहन स्वामी को 15,000 रुपये तक का भारी जुर्माना देना पड़ सकता है। इतना ही नहीं, नियमों के उल्लंघन पर संबंधित वाहन की आरसी (रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट) सस्पेंड करने की प्रक्रिया भी अमल में लाई जाएगी। साथ ही, अब बिना एचएसआरपी के वाहनों को प्रदूषण नियंत्रण प्रमाण पत्र (Pollution Certificate) भी जारी नहीं किया जा रहा है।
ऑनलाइन बुकिंग की सुविधा
एआरटीओ मनोज कुमार सिंह ने वाहन स्वामियों को सलाह दी है कि वे अभियान शुरू होने से पूर्व ही एचएसआरपी लगवा लें। एचएसआरपी लगवाने के लिए वाहन स्वामी आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर ऑनलाइन बुकिंग कर सकते हैं। बुकिंग प्रक्रिया में वाहन का नंबर, चेसिस नंबर और मोबाइल नंबर का उपयोग करना होगा, जिसके बाद निर्धारित तिथि पर वाहन डीलर के यहां जाकर प्लेट लगवाई जा सकती है। विभाग ने सभी वाहन मालिकों से अपील की है कि वे समय सीमा का ध्यान रखें और कानूनी कार्रवाई से बचने के लिए इसे प्राथमिकता दें।
अधिकारियों का रुख
एआरटीओ मनोज कुमार सिंह ने मामले की गंभीरता को स्पष्ट करते हुए कहा, “हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट सभी वाहनों के लिए अनिवार्य है। हम 15 नवंबर से इसके लिए एक विशेष जांच अभियान चलाएंगे। जिन वाहनों पर यह प्लेट नहीं लगी मिलेगी, उन पर न केवल जुर्माना लगाया जाएगा बल्कि आरसी सीज/सस्पेंड करने की भी कार्रवाई होगी। प्रशासन ने वाहन मालिकों को कई बार नोटिस के माध्यम से जागरूक किया है, अब इसे सख्ती से लागू किया जाएगा।”