गोरखपुर के बाजारों में दिवाली की रौनक
गोरखपुर शहर में दिवाली के त्योहार को लेकर बाजारों में जबरदस्त उत्साह और रौनक देखी जा रही है। धनतेरस और मुख्य दीपावली पर्व नजदीक आते ही शहर के प्रमुख व्यावसायिक केंद्रों जैसे गोलघर, शास्त्री चौक और कचहरी रोड पर खरीदारी करने वाले लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी है। स्थानीय दुकानदारों के अनुसार, इस साल ग्राहकों की पसंद में एक बड़ा बदलाव देखने को मिल रहा है, जिसमें पारंपरिक वस्तुओं के साथ-साथ रचनात्मक सजावट के सामानों की भारी मांग है।
हैंडमेड झालरों का बढ़ा क्रेज
बाजार में इस बार इलेक्ट्रॉनिक लाइटों के मुकाबले हैंडमेड झालरों और सजावटी सामानों को विशेष प्राथमिकता मिल रही है। शहर के कारीगरों द्वारा तैयार की गई ये झालरें न केवल दिखने में आकर्षक हैं, बल्कि पर्यावरण के अनुकूल भी हैं। दुकानदारों का कहना है कि घर के कोनों को सजाने के लिए लोग ऐसी झालरों की मांग कर रहे हैं जो भारतीय कला और संस्कृति का प्रतिनिधित्व करती हों। इसके अलावा, कृत्रिम गेंदे के फूलों की लड़ियों का भी बाजार में काफी बोलबाला है।
साउथ इंडियन स्टाइल से सजेंगे गोरखपुर के घर
इस वर्ष दिवाली की सजावट में एक नया चलन देखने को मिल रहा है, जहाँ लोग अपने घरों को ‘साउथ इंडियन स्टाइल’ में सजाने में विशेष रुचि दिखा रहे हैं। इसमें प्राकृतिक रंगों के संयोजन, फूलों की झालरों और दीपकों की अनूठी व्यवस्था का प्रयोग किया जा रहा है। इंटीरियर डेकोरेशन के जानकारों का मानना है कि पारंपरिक दक्षिण भारतीय शैली में घरों को सजाना इस सीजन का ‘ट्रेंड’ बन गया है, जिसके लिए विशेष प्रकार के सजावटी सामानों की बिक्री में वृद्धि हुई है।
व्यापारिक गतिविधियों और सुरक्षा पर प्रशासन की नजर
त्योहारी सीजन के मद्देनजर बाजारों में सुरक्षा व्यवस्था को भी चाक-चौबंद किया गया है। पुलिस प्रशासन द्वारा भीड़-भाड़ वाले इलाकों में निरंतर गश्त की जा रही है ताकि खरीदारी करने वाले ग्राहकों को किसी प्रकार की असुविधा न हो। प्रशासन ने दुकानदारों और आम जनता से अपील की है कि वे ट्रैफिक नियमों का पालन करें और भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में अपने वाहनों को व्यवस्थित तरीके से पार्क करें। बढ़ती हुई मांग के कारण बाजारों में फुटकर और थोक विक्रेताओं के चेहरों पर चमक देखी जा रही है।
दिवाली का यह उत्सव शहर के व्यापार को नई गति देने वाला साबित हो रहा है। उम्मीद जताई जा रही है कि आने वाले दो-तीन दिनों में खरीदारी का यह आंकड़ा और भी अधिक ऊंचाई छुएगा, क्योंकि लोग अपने घरों को नई रोशनी और सजावट से संवारने की अंतिम तैयारियों में जुटे हुए हैं।