जनगणना-2027 के लिए प्रशिक्षण प्रक्रिया शुरू
महराजगंज जिले में जनगणना-2027 के द्वितीय चरण के कार्य को सुचारु और त्रुटिरहित ढंग से संपन्न कराने के उद्देश्य से प्रगणकों और सुपरवाइजरों के लिए तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ कर दिया गया है। इस महत्वपूर्ण राष्ट्रीय कार्य के लिए जिले भर में कुल 15 चार्ज निर्धारित किए गए हैं, जिनमें चार तहसीलें और 11 नगर निकाय शामिल हैं।
प्रशिक्षण के दौरान उपस्थिति की स्थिति
प्रशिक्षण के पहले दिन की रिपोर्ट के अनुसार, जिले में कुल 1,964 कार्मिकों को प्रशिक्षण के लिए बुलाया गया था। इनमें से 1,816 कार्मिक प्रशिक्षण सत्र में शामिल हुए, जबकि 148 कर्मचारी अनुपस्थित पाए गए। सिसवा और आनंदनगर नगर पालिका परिषदों को छोड़कर, जिले के अन्य सभी निर्धारित केंद्रों पर यह प्रशिक्षण सत्र संचालित किए जा रहे हैं, जहां कार्मिकों को जनसंख्या गणना की प्रक्रिया, आवश्यक दिशा-निर्देशों, प्रपत्रों के संकलन तथा तकनीकी व व्यावहारिक पहलुओं का विस्तृत प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
जिलाधिकारी ने लिया व्यवस्थाओं का जायजा
तहसील सदर के अंतर्गत समेकित विद्यालय, धनेवा-धनेई में आयोजित मुख्य प्रशिक्षण कार्यक्रम में जिलाधिकारी एवं प्रमुख जनगणना अधिकारी गौरव सिंह सोगरवाल ने स्वयं पहुंचकर व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया। इस दौरान जॉइंट मजिस्ट्रेट, तहसीलदार सदर और जिला सूचना अधिकारी भी उपस्थित रहे। जिलाधिकारी ने प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे प्रगणकों से संवाद किया और उनसे गणना प्रक्रिया से संबंधित बिंदुओं पर फीडबैक लिया।
जनगणना का महत्व और निर्देश
इस अवसर पर जिलाधिकारी गौरव सिंह सोगरवाल ने उपस्थित कार्मिकों को संबोधित करते हुए कहा कि जनगणना एक अत्यंत महत्वपूर्ण राष्ट्रीय कार्य है। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि इससे प्राप्त आंकड़े भविष्य में देश की आर्थिक, सामाजिक और विकास संबंधी नीतियों के निर्धारण में आधारस्तंभ साबित होते हैं, साथ ही ये जनकल्याणकारी योजनाओं की रूपरेखा तय करने में भी सहायक होते हैं। जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को सख्त निर्देश दिए कि प्रत्येक जानकारी का सही और तथ्यपरक संकलन निर्धारित दिशा-निर्देशों के अनुरूप ही किया जाए। उन्होंने भरोसा जताया कि प्रथम चरण की सफलता के बाद दूसरे चरण में भी जिले के कार्मिक पूरी निष्ठा और जिम्मेदारी के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करेंगे।