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Maharajganj News: लेखपालों का आंदोलन, 27 अतिरिक्त हल्कों का बस्ता किया जमा

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महाराजगंज में लेखपाल संघ का प्रदर्शन

उत्तर प्रदेश के महाराजगंज जिले के नौतनवा तहसील में मंगलवार को लेखपाल संघ ने अपनी लंबित मांगों को लेकर बड़ा आंदोलन शुरू कर दिया है। अपनी मांगों पर शासन द्वारा अब तक कोई ठोस कार्रवाई न किए जाने के विरोध में लेखपालों ने सामुहिक रूप से अतिरिक्त हल्कों का कार्यभार छोड़ने का निर्णय लिया है। लेखपाल संघ के जिला और स्थानीय पदाधिकारियों के नेतृत्व में बड़ी संख्या में लेखपाल रजिस्ट्रार कानूनगो कार्यालय पहुंचे और अपने अतिरिक्त प्रभार वाले 27 हल्कों का सरकारी बस्ता और दस्तावेज सौंप दिए।

मांगें पूरी न होने पर जताया आक्रोश

लेखपाल संघ के अध्यक्ष रमेश गुप्ता के नेतृत्व में विरोध प्रदर्शन कर रहे कर्मचारियों का कहना है कि वे लंबे समय से विभिन्न मांगों को लेकर शासन और प्रशासन से गुहार लगा रहे हैं। प्रदर्शनकारियों में राहुल शर्मा, जहीरूद्दीन खान, मंजूर अली, कृष्णगोपाल, दीपेंद्र धवल, अमित सिंह और राहुल गुप्ता समेत अन्य लेखपाल शामिल थे। लेखपालों के अनुसार, राजस्व परिषद द्वारा संघ की मांगों पर विचार करने के लिए पहले 30 दिन और फिर 15 दिन का अतिरिक्त समय मांगा गया था। कुल 45 दिनों से अधिक का समय बीत जाने के बाद भी मांगों पर कोई अमल न होने से लेखपालों में भारी आक्रोश है।

आंदोलन में प्रमुख मांगें और प्रभाव

लेखपाल संघ ने स्पष्ट किया है कि जब तक उनकी मांगों पर सरकार द्वारा सकारात्मक निर्णय नहीं लिया जाता, तब तक उनका यह आंदोलन जारी रहेगा। लेखपालों की प्रमुख मांगों में निम्नलिखित शामिल हैं:

  • प्रदेश स्तरीय अंतर्मंडलीय स्थानांतरण की प्रक्रिया शुरू करना।
  • विभागीय पदोन्नति समिति (DPC) का गठन और सूची जारी करना।
  • वाहन भत्ता (Vehicle Allowance) में वृद्धि करना।
  • ग्रेड पे में परिवर्तन और विसंगतियों का निराकरण।

इस आंदोलन के तहत लेखपालों ने अपने मूल हल्के के अलावा अन्य सभी आवंटित अतिरिक्त हल्कों का कामकाज अनिश्चितकाल के लिए बंद कर दिया है। प्रशासन की ओर से अब तक इस पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है, लेकिन राजस्व विभाग के काम-काज पर इसका सीधा असर पड़ना तय माना जा रहा है। स्थानीय निवासियों के लिए आय, जाति और निवास प्रमाण पत्र जैसे महत्वपूर्ण कार्यों में देरी होने की संभावना बढ़ गई है।

(संवाददाता)

संवाददाता के संपादक

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