गैंडे की मौजूदगी से ग्रामीणों में दहशत
कुशीनगर जिले के खड्डा तहसील अंतर्गत हनुमानगंज थाना क्षेत्र के माघी भगवानपुर गांव में रविवार सुबह एक विशालकाय गैंडा देखे जाने से हड़कंप मच गया। घटना सुबह उस समय हुई जब गांव के कुछ लोग 9 मिल ठोकर बंधे के समीप अपने खेतों की ओर जा रहे थे। अचानक गैंडे को अपने बेहद करीब देखकर ग्रामीण भयभीत हो गए और शोर मचाते हुए सुरक्षित स्थानों की ओर भागे।
शोर सुनकर गैंडा पास ही स्थित गन्ने के खेत में जाकर छिप गया। इस घटना की जानकारी मिलते ही पूरे इलाके में दहशत का माहौल व्याप्त हो गया है। स्थानीय निवासी गुलाब, इंद्रासन, सुभाष मुसहर, मानिकचंद्र और श्रीकिशुन ने बताया कि जंगली जानवर के अचानक सामने आने से वे बाल-बाल बचे।
वन विभाग ने शुरू की जांच
मामले की सूचना मिलने पर खड्डा वन रेंज के रेंजर अमित तिवारी अपनी टीम के साथ तत्काल मौके पर पहुंचे। वन विभाग के अधिकारियों ने घटना स्थल के आसपास गहन तलाशी अभियान चलाया और गैंडे के पदचिह्नों की विस्तृत जांच की। हालांकि, समाचार लिखे जाने तक गैंडा वनकर्मियों की पकड़ से दूर था।
वन विभाग ने ग्रामीणों को सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं। रेंजर अमित तिवारी ने स्पष्ट किया कि वर्तमान में गंडक नदी के तटीय इलाकों में बाढ़ और जलभराव के कारण जंगली जानवर अपने प्राकृतिक आवास से भटककर रिहायशी इलाकों और खेतों की ओर आ रहे हैं।
सुरक्षा के लिए प्रशासन की सलाह
वन विभाग ने स्थानीय निवासियों के लिए सुरक्षा परामर्श जारी किया है। अधिकारियों ने ग्रामीणों से आग्रह किया है कि वे फिलहाल अकेले खेतों की ओर न जाएं। यदि किसी आवश्यक कार्य से घर से बाहर निकलना हो, तो समूह में चलें और जानवरों की आहट मिलने पर तुरंत वन विभाग के हेल्पलाइन नंबर या स्थानीय थाने पर सूचित करें।
अधिकारियों के मुताबिक, जानवर को डराने या उस पर हमला करने का प्रयास नहीं करना चाहिए, क्योंकि इससे वह हिंसक हो सकता है। फिलहाल, वन विभाग की टीम लगातार इलाके में गश्त कर रही है ताकि ग्रामीणों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके और गैंडे को सुरक्षित वापस जंगल की ओर खदेड़ा जा सके।