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कुशीनगर: डोल मेला ड्यूटी से लौट रहे दरोगा की कंटेनर की चपेट में आने से मौत

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घटना का पूरा विवरण

कुशीनगर जिले में रविवार रात एक दर्दनाक सड़क हादसे में उपनिरीक्षक (एसआई) भवानी प्रसाद पांडेय की जान चली गई। पडरौना में आयोजित डोल मेला की सुरक्षा व्यवस्था में तैनात एसआई भवानी प्रसाद अपनी बाइक से ड्यूटी खत्म कर सेवरही थाने लौट रहे थे। इसी दौरान पडरौना-कसया मार्ग पर सरस्वती चौक के निकट कुबेरस्थान बाईपास मोड़ पर एक तेज रफ्तार कंटेनर ने उनकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हादसा बेहद भयावह था। घटनास्थल पर सड़क के किनारे गिट्टी, बालू और ईंट रखे होने के कारण रास्ता संकरा हो गया था। इसी बीच पीछे से आए अनियंत्रित कंटेनर ने बाइक को टक्कर मार दी, जिससे एसआई सड़क पर गिर पड़े और कंटेनर का पहिया उनके ऊपर से गुजर गया। घटनास्थल पर ही उनकी मृत्यु हो गई।

पुलिस और प्रशासन की कार्रवाई

हादसे की सूचना मिलने के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। आनन-फानन में अन्य पुलिसकर्मियों ने एक निजी एंबुलेंस की मदद से गंभीर रूप से घायल एसआई को जिला अस्पताल पहुंचाया, जहां ड्यूटी पर मौजूद डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। जिला अस्पताल में चिकित्सकों ने पुष्टि की कि सिर में गंभीर चोट लगने के कारण मौके पर ही उनकी जान चली गई थी।

पुलिस ने मामले को संज्ञान में लेते हुए दुर्घटना को अंजाम देने वाले कंटेनर को अपने कब्जे में ले लिया है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, चालक घटना के बाद से ही वाहन छोड़कर मौके से फरार हो गया है। पुलिस ने अज्ञात चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है और उसकी तलाश में दबिश दी जा रही है।

मामले की वर्तमान स्थिति और शोक

मृतक एसआई भवानी प्रसाद पांडेय मूल रूप से बस्ती जिले के निवासी थे। अपने मिलनसार स्वभाव के कारण वे न केवल सहकर्मियों के बीच, बल्कि स्थानीय स्तर पर भी काफी लोकप्रिय थे। उनकी असामयिक मौत की खबर से पूरा कुशीनगर पुलिस विभाग गहरे सदमे में है। पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों ने घटना पर दुख व्यक्त करते हुए कानूनी कार्रवाई का भरोसा दिलाया है।

स्थानीय लोगों पर असर और सावधानी

इस हादसे ने जिला प्रशासन की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं, क्योंकि स्थानीय लोगों के मुताबिक घटनास्थल यानी बाईपास पर लंबे समय से निर्माण सामग्री (गिट्टी-बालू) पड़ी हुई थी। सड़क पर अवैध रूप से रखे गए इन अवरोधकों के कारण यातायात प्रभावित हो रहा था, जो अंततः एक पुलिस अधिकारी की मौत का कारण बना। प्रशासन ने अब इस मामले की गंभीरता को देखते हुए भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए सड़क सुरक्षा ऑडिट और अवैध अतिक्रमण के खिलाफ सख्ती बरतने के निर्देश दिए हैं।

(संवाददाता)

पूर्वांचल ब्यूरो न्यूज़ डेस्क रिपोर्टर।

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