Monday, 2 November 2026 | पूर्वांचल संस्करण • कुशीनगर केंद्रबिंदु
🔴 24x7 लाइव न्यूज़ डेस्क
• कुशीनगर, देवरिया, गोरखपुर, महराजगंज, गोपालगंज
हाइपरलोकल न्यूज़ प्लेटफॉर्म • निष्पक्ष • प्रामाणिक • सबसे पहले

अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा चोरी: सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला, ट्रायल कोर्ट में चलेगी सुनवाई

🎙️ खबर सुनें (AI वॉइस रीडर)

राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में सुप्रीम कोर्ट का अहम निर्देश

अयोध्या स्थित राम मंदिर में कथित चढ़ावा चोरी के मामले में सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार, 2 नवंबर 2026 को सुनवाई करते हुए इससे जुड़ी सभी याचिकाओं का निपटारा कर दिया है। शीर्ष अदालत ने इस मामले में चल रही कानूनी प्रक्रियाओं पर स्थिति स्पष्ट करते हुए याचिकाकर्ताओं को बड़ी राहत दी है। अब इस पूरे प्रकरण की आगे की सुनवाई अयोध्या की स्थानीय अदालत में होगी।

सॉलिसिटर जनरल ने दी जानकारी

सुप्रीम कोर्ट में मामले की सुनवाई के दौरान भारत के सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने अदालत को सूचित किया कि मामले की जांच के लिए गठित विशेष जांच दल (SIT) द्वारा अपनी जांच पूरी कर ली गई है। SIT ने अयोध्या के न्यायिक मजिस्ट्रेट के समक्ष विस्तृत आरोपपत्र (Chargesheet) दाखिल कर दिया है। उन्होंने अदालत को बताया कि जांच के दौरान जुटाए गए तमाम सबूतों को न्यायिक प्रक्रिया के तहत ट्रायल कोर्ट के समक्ष पेश कर दिया गया है।

याचिकाकर्ताओं को मिली ट्रायल कोर्ट जाने की अनुमति

न्यायालय ने SIT द्वारा आरोपपत्र दाखिल किए जाने की जानकारी को दर्ज करते हुए यह स्पष्ट किया कि चूंकि जांच एजेंसी ने निचली अदालत में कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है, इसलिए सुप्रीम कोर्ट में इन याचिकाओं को लंबित रखने का अब कोई औचित्य नहीं है। अदालत ने अपने आदेश में कहा कि रिट याचिकाकर्ता अब अयोध्या की संबंधित ट्रायल कोर्ट में जाकर सुनवाई के दौरान सहयोग कर सकते हैं। वे बतौर शिकायतकर्ता वहां साक्ष्यों और तथ्यों के साथ अदालत की सहायता करने के लिए स्वतंत्र हैं।

आगे की कानूनी प्रक्रिया

सुप्रीम कोर्ट द्वारा याचिकाओं का निपटारा किए जाने के बाद अब राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले का पूरा दारोमदार अयोध्या की स्थानीय निचली अदालत पर है। वहां आरोपपत्र के आधार पर मामले में आरोप तय करने और आगे की सुनवाई की प्रक्रिया शुरू होगी। इस फैसले के बाद से अब राम मंदिर ट्रस्ट से जुड़े इस विवादित मामले पर स्थानीय स्तर पर कानूनी कार्यवाही तेज होने की उम्मीद है। मामले से जुड़े सभी पक्षों को अब निचली अदालत की अगली तारीख का इंतजार है, जहां SIT द्वारा दी गई रिपोर्ट और साक्ष्यों का परीक्षण किया जाएगा।

(संवाददाता)

संवाददाता के संपादक

संबंधित और अन्य महत्वपूर्ण खबरें

✍️ अपनी राय दें (Leave a Comment)

आपका ईमेल पता सार्वजनिक नहीं किया जाएगा।