दीपावली पर जिले की महिलाओं को मिली बड़ी राहत
महाराजगंज जिले के उज्ज्वला योजना के लाभार्थियों के लिए मंगलवार का दिन एक बड़ी सौगात लेकर आया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश स्तर पर आयोजित कार्यक्रम के माध्यम से दीपावली के अवसर पर उज्ज्वला योजना से जुड़ी पात्र महिलाओं के लिए 1500 करोड़ रुपये की सब्सिडी राशि जारी की। यह धनराशि सीधे डीबीटी (डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर) के माध्यम से लाभार्थियों के आधार प्रमाणित बैंक खातों में भेज दी गई है।
सरकारी आंकड़ों के अनुसार, इस योजना का सीधा लाभ महाराजगंज जिले के कुल 2.58 लाख पात्र उज्ज्वला लाभार्थियों को मिलेगा। इस वित्तीय सहायता का उद्देश्य दीपावली के त्योहार पर ग्रामीण और शहरी गरीब परिवारों को आर्थिक संबल प्रदान करना है, ताकि वे बिना किसी आर्थिक बाधा के त्योहार मना सकें।
विकास भवन में आयोजित हुआ विशेष वितरण समारोह
इस अवसर पर महाराजगंज के विकास भवन सभागार में एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में जिला पंचायत अध्यक्ष रविकांत पटेल, पनियरा विधानसभा क्षेत्र के विधायक ज्ञानेंद्र सिंह और सदर विधायक जयमंगल कन्नौजिया मौजूद रहे। कार्यक्रम के दौरान जिले की लगभग 200 चयनित महिलाओं को प्रतीक स्वरूप सब्सिडी राशि के डेमो चेक प्रदान किए गए।
इस अवसर पर प्रशासनिक अधिकारियों ने योजना के क्रियान्वयन की जानकारी दी। मुख्य विकास अधिकारी (CDO) महेंद्र सिंह ने कार्यक्रम में उपस्थित सभी जनप्रतिनिधियों और लाभार्थियों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार की प्राथमिकता गरीब परिवारों तक सीधे लाभ पहुंचाना है, जिसके लिए आधार लिंक बैंक खातों का उपयोग सुनिश्चित किया जा रहा है।
स्थानीय लाभार्थियों के लिए निर्देश
जिले के पात्र उज्ज्वला लाभार्थियों को सलाह दी गई है कि वे अपने बैंक खातों की जांच सुनिश्चित करें। यदि किसी लाभार्थी को राशि प्राप्त करने में समस्या आ रही है, तो वे अपने संबंधित विकास खंड कार्यालय या गैस एजेंसी से संपर्क कर सकते हैं। यह सुनिश्चित करना अनिवार्य है कि उनका बैंक खाता आधार से लिंक हो ताकि सरकारी योजनाओं का लाभ बिना किसी देरी के सीधे उनके खाते में पहुंच सके।
स्थानीय प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यह सब्सिडी हस्तांतरण उज्ज्वला योजना के अंतर्गत पंजीकृत सभी पात्र परिवारों के लिए है, और जिले में इस योजना का लाभ लेने वाले लाभार्थियों की संख्या काफी अधिक है। त्योहारों के मौसम में सरकार की इस पहल का स्वागत स्थानीय निवासियों और लाभार्थियों द्वारा किया जा रहा है।