सिंहपुर थरौली क्षेत्र में सड़क निर्माण की जगी उम्मीद
महराजगंज जिले के लक्ष्मीपुर विकास खंड के अंतर्गत आने वाले सिंहपुर थरौली क्षेत्र के निवासियों के लिए एक राहत भरी खबर सामने आई है। शनिवार को महराजगंज के प्रभागीय वनाधिकारी (डीएफओ) सुरेंद्र सुर्रे ने मोहनापुर-सिंहपुर थरौली वनमार्ग का स्थलीय निरीक्षण किया। लंबे समय से जर्जर हालत में पड़ी इस सड़क को लेकर ग्रामीणों की समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए डीएफओ ने क्षेत्र का दौरा किया, जिससे स्थानीय लोगों में सड़क के पुनर्निर्माण की उम्मीदें बढ़ गई हैं।
लंबे समय से जर्जर सड़क बनी है ग्रामीणों के लिए परेशानी का सबब
स्थानीय ग्रामीणों के अनुसार, मोहनापुर से सिंहपुर थरौली तक जाने वाली यह वनमार्ग सड़क वर्षों से बदहाल स्थिति में है। सड़क पर बड़े-बड़े गड्ढे होने और पक्की सतह न होने के कारण विशेषकर बरसात के मौसम में आवागमन बेहद कठिन हो जाता है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि बार-बार गुहार लगाने के बावजूद इस मार्ग की मरम्मत नहीं हो सकी, जिसके चलते उन्होंने सड़क निर्माण की मांग को लेकर ‘रोड नहीं तो वोट नहीं’ का नारा देकर अपना विरोध दर्ज कराया था। सड़क की बदहाली के कारण क्षेत्रवासियों और स्कूली बच्चों को रोजाना आवाजाही में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
प्रशासन की ओर से क्या मिला आश्वासन?
निरीक्षण के बाद डीएफओ सुरेंद्र सुर्रे ने स्थिति स्पष्ट करते हुए बताया कि उक्त मार्ग महराजगंज और गोरखपुर वन क्षेत्र की सीमा पर स्थित है और तकनीकी रूप से यह क्षेत्र गोरखपुर वन विभाग के अंतर्गत आता है। उन्होंने आश्वासन दिया कि निरीक्षण के दौरान जो वस्तुस्थिति सामने आई है, उससे शासन को विस्तृत रिपोर्ट के माध्यम से अवगत कराया जाएगा। शासन से आवश्यक निर्देश और स्वीकृति मिलने के बाद ही इस सड़क के निर्माण या मरम्मत की दिशा में सकारात्मक पहल की जाएगी।
ग्रामीणों की निगाहें अब शासन के अगले कदम पर
डीएफओ के इस दौरे ने प्रभावित गांवों के निवासियों में उम्मीद की एक नई किरण जगाई है। ग्रामीणों का कहना है कि प्रशासन के स्तर पर हुई इस पहल से अब उन्हें भरोसा है कि उनकी समस्या का समाधान जल्द ही हो सकेगा। फिलहाल, पूरा क्षेत्र शासन के अगले आदेश और विभाग द्वारा की जाने वाली कार्रवाई की प्रतीक्षा कर रहा है। सड़क निर्माण की यह मांग स्थानीय विकास और यातायात सुरक्षा की दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण मानी जा रही है।